February 5, 2026
Cloudburst in Dehradun: Flash Floods Hit Tapkeshwar Mahadev Temple; IMD Issues Red Alert for Heavy Rain and Strong Winds

Cloudburst in Dehradun: Flash Floods Hit Tapkeshwar Mahadev Temple; IMD Issues Red Alert for Heavy Rain and Strong Winds

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देहरादून, 16 सितम्बर 2025: उत्तराखंड में कुदरत का कहर लगातार बरस रहा है। राजधानी देहरादून के पौराणिक टपकेश्वर महादेव मंदिर में भारी बारिश के चलते भयंकर जलप्रलय आ गया। तेज बहाव में मंदिर प्रांगण की पीतल की शिव प्रतिमा बह गई, जबकि गोरखा रेजिमेंट द्वारा 1962 में बनाया गया पुल भी ढह गया। इस आपदा से माता वैष्णों देवी गुफा योग मंदिर और संतोषी माता मंदिर का संपर्क कट गया है।

लगातार बारिश ने हालात इतने बिगाड़ दिए हैं कि के वी वीरपुर और आर्मी क्षेत्र के पीछे के हिस्से का संपर्क पूरी तरह टूट चुका है। उत्तरांचल यूनिवर्सिटी के पास टौंस नदी पर बना पुल क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे देहरादून का पछवादून क्षेत्र से संपर्क बाधित हो गया है। यातायात को डायवर्ट करते हुए विकास नगर जाने वाले वाहनों को अब शिमला बायपास से भेजा जा रहा है।

इसी क्रम में, प्रेमनगर हाईवे पर भी पुल का एक हिस्सा तेज धारा में बह गया है। पुलिस ने एहतियातन आवागमन रोक दिया है। टौंस नदी का जलस्तर बढ़ने से पुल पूरी तरह ध्वस्त हो गया है।

सहस्रधारा क्षेत्र में बादल फटा, कई लापता

देहरादून के सहस्रधारा क्षेत्र में बादल फटने से कारलीगाढ़ इलाके में तबाही मच गई। तेज बहाव में कई दुकानें बह गईं, जबकि कम से कम दो लोग लापता बताए जा रहे हैं। लापता लोगों की तलाश में SDRF, NDRF और लोक निर्माण विभाग की टीमें सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं। प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।

IMD का अलर्ट

इस बीच, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने चेतावनी जारी की है कि देहरादून और टिहरी गढ़वाल में मंगलवार सुबह 9 बजे तक अत्यधिक भारी वर्षा हो सकती है। इसके साथ ही आंधी-तूफान और करीब 87 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली तेज हवाएं चलने की संभावना है।

IMD ने कहा है कि अगले कुछ घंटों में भूस्खलन, सड़क बाधित होने और फ्लैश फ्लड जैसी घटनाएं हो सकती हैं। विभाग ने जिला प्रशासन को चौकन्ना रहने और लोगों को नदी-नालों से दूर रहने की सलाह दी है।

सात जिलों में रेड अलर्ट

लगातार बारिश और तबाही के मद्देनजर उत्तराखंड के सात जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है। प्रशासन ने कहा है कि कमजोर ढांचों को नुकसान पहुंच सकता है, पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने जैसी घटनाएं संभव हैं।

राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और केंद्र सरकार हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन ने अपील की है कि लोग सुरक्षित स्थानों पर रहें, अनावश्यक यात्रा से बचें और किसी भी आपात स्थिति में हेल्पलाइन नंबरों से संपर्क करें।

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